Brutal murder: एक युवक ने दिनदहाड़े अपने ही चाचा की बेरहमी से हत्या कर दी। हत्या के बाद आरोपी युवक ने खुदकुशी कर ली। इस दोहरी मौत की घटना से पूरे गांव में मातम और दहशत का माहौल है।
बैकुंठपुर। Brutal murder: छत्तीसगढ़ के कोरिया जिले से एक सनसनीखेज और दिल को झकझोर देने वाली घटना सामने आई है, जहां एक युवक ने दिनदहाड़े अपने ही चाचा की बेरहमी से हत्या कर दी। हत्या के बाद आरोपी युवक ने खुदकुशी कर ली। इस दोहरी मौत की घटना से पूरे गांव में मातम और दहशत का माहौल है।
यह मामला पटना थाना क्षेत्र के ग्राम जमगहना स्थित जूनापारा मोहल्ले का है। प्राप्त जानकारी के अनुसार, 60 वर्षीय उपेंद्र नारायण यादव गांव में किराना दुकान संचालित करते थे। शनिवार दोपहर करीब तीन बजे वह अपनी दुकान के सामने दीवार पर बैठकर आराम कर रहे थे। उसी दौरान उनका भतीजा कौशल बरगाह (35 वर्ष), जो पास में ही रहता था, अचानक हाथ में फावड़ा लेकर वहां पहुंचा।
Brutal murder: मौके पर हुई मौत
बताया जा रहा है कि इससे पहले कि उपेंद्र नारायण यादव कुछ समझ पाते, आरोपी भतीजे ने उनके सिर पर फावड़े से लगातार कई वार कर दिए। अचानक हुए हमले से उपेंद्र नारायण यादव गंभीर रूप से घायल होकर मौके पर ही गिर पड़े। सिर पर गहरी चोट लगने और अत्यधिक रक्तस्राव के कारण उनकी घटनास्थल पर ही मौत हो गई।
घटना के बाद आसपास मौजूद लोग जब तक कुछ कर पाते, तब तक आरोपी युवक वहां से फरार हो चुका था। हत्या की खबर फैलते ही गांव में अफरा-तफरी मच गई। लोग घटनास्थल पर इकट्ठा होने लगे और परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल हो गया।
हत्या के बाद कुएं में आरोपी कूदा
चाचा की हत्या के बाद आरोपी कौशल बरगाह सीधे अपने घर पहुंचा। वहां उसने वारदात में इस्तेमाल किया गया फावड़ा रखा और इसके बाद घर से कुछ दूरी पर स्थित एक पुराने कुएं की ओर गया। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, उसने बिना किसी हिचकिचाहट के कुएं में छलांग लगा दी। कुएं में कूदते देख गांव के लोग मौके पर पहुंचे और आनन-फानन में उसे बाहर निकालने की कोशिश की। जब उसे कुएं से बाहर निकाला गया, तब तक उसकी भी मौत हो चुकी थी। इस प्रकार कुछ ही घंटों के भीतर गांव में दो लोगों की मौत से शोक की लहर दौड़ गई।

पिछले कुछ दिनों से मानसिक रूप से अस्वस्थ चल रहा था आरोपी
ग्रामीणों ने बताया कि आरोपी युवक पिछले कुछ दिनों से मानसिक रूप से अस्वस्थ चल रहा था और उसका इलाज भी चल रहा था। बताया जा रहा है कि मृतक चाचा उपेंद्र नारायण यादव अपने भतीजे के इलाज में आर्थिक सहायता भी कर रहे थे। इसके बावजूद उसने इस जघन्य वारदात को अंजाम क्यों दिया, इसका कारण अब तक स्पष्ट नहीं हो सका है।
गांव वालों का कहना है कि दोनों परिवारों के बीच किसी प्रकार का पुराना विवाद या आपसी रंजिश नहीं थी, जिससे यह घटना और भी रहस्यमय बन गई है। अचानक हुई इस हिंसक घटना ने सभी को स्तब्ध कर दिया है।

जांच में जुटी पुलिस
घटना की सूचना मिलते ही पटना थाना पुलिस मौके पर पहुंची और दोनों शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए जिला अस्पताल भेज दिया। पुलिस ने मौके का मुआयना कर साक्ष्य जुटाए और आगे की जांच शुरू कर दी है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट और परिजनों के बयान के आधार पर पूरे मामले की विस्तृत जांच की जा रही है।






