Gang rape: सहेली की शादी में शामिल होने गई थी युवती, परिचित युवक ने धोखे से बाहर बुलाया और वारदात को दिया अंजाम, युवती की रिपोर्ट पर चारों आरोपी हो गए थे गिरफ्तार
अंबिकापुर। सहेली की शादी में शामिल होने गई एक आदिवासी युवती को परिचित युवक ने धोखे से बाहर बुलाया और बाइक पर बैठाकर साथ ले गया। इसके बाद पहले से वहां रहे 3 दोस्तों के साथ मिलकर उसने युवती से गैंगरेप (Gang rape) किया। फिर युवती को छोडक़र चारों फरार हो गए। युवती की रिपोर्ट पर पुलिस ने चारों आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था। मामला अप्रैल 2024 का है। मामले की सुनवाई अंबिकापुर के विशेष न्यायालय एट्रोसिटीज में हुई। इस पर फैसला सुनाते हुए न्यायाधीश ने चारों आरोपियों को 20-20 वर्ष के सश्रम कारावास की सजा से दंडित किया है।
इस संबंध में जानकारी देते हुए विशेष लोक अभियोजक नितेश चंद्र शुक्ला ने बताया कि मामला सीतापुर थाना क्षेत्र से जुड़ा है। अप्रैल 2024 में एक आदिवासी युवती अपनी सहेली की शादी (Gang rape) में शामिल होने पहुंची थी। वह भीतर कार्यक्रम देख रही थी।
रात साढ़े 11 बजे परिचित युवक जयकुमार यादव 21 वर्ष (Gang rape) ने उसके मोबाइल पर कॉल किया और कहा कि बाहर आओ। हम देानों शादी देखने ऊपर साइड जाएंगे। युवक की मंशा को युवती भांप नहीं पाई और वह बाहर आ गइ्र।
इस दौरान युवक उसे बाइक पर बैठाकर गांव से बाहर सूनसान स्थान पर ले गया। यहां पहले से जयकुमार के दोस्त पुरूषोत्तम यादव, अजय बसोड़ व नीरज विश्वकर्मा भी मौजूद थे। इसके बाद उन्होंने युवती का मुंह दबाकर बारी-बारी से गैंगरेप (Gang rape) किया।
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मौके से हो गए थे फरार
गैंगरेप (Gang rape) करने के बाद आरोपी युवती को वहीं छोडक़र फरार हो गए थे। इधर युवती किसी तरह घर पहुंची और मामले की जानकारी परिजनों को दी। फिर उसने मामले की रिपोर्ट थाने में दर्ज कराई। पुलिस ने मामले में त्वरित कार्रवाई करते हुएभारतीय दंड संहिता की धारा 376 (घ), 3(2) (वी) अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति अत्याचार निवारण अधिनियम 1989 के तहत चारों आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था।
Gang rape: कोर्ट ने सुनाया अहम फैसला
अंबिकापुर के विशेष न्यायालय एट्रोसिटीज में मामले (Gang rape) की सुनवाई चल रही थी। युवती के बयान व घटनास्थल पर मौजूद साक्ष्यों के आधार पर न्यायाधीश अतुल कुमार श्रीवास्तव ने आरोपियों को गैंगरेप का दोषी पाया। इस पर अहम फैसला सुनाते हुए कोर्ट ने चारों आरोपियों को 20-20 वर्ष के सश्रम कारावास की सजा से दंडित किया है।






