सावधान.. भारत में पांव पसार रहा है निपाह वायरस, केरल में हुई संक्रमित बच्चे की मौत

On: Sunday, July 21, 2024 4:52 PM
Kerala Malappuram Kozhikode Nipah virus infected death New Delhi instructions
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केंद्र सरकार ने केरल में निपाह वायरस के मामले सामने आने पर सतर्कता बरतने के निर्देश दिए हैं और एक केंद्रीय दल के तैनाती की है

कोझिकोड। केरल के मलप्पुरम जिले में निपाह वायरस से संक्रमित किशोर की रविवार को इलाज के दौरान मौत हो गई। राज्य स्वास्थ्य मंत्री वीना जॉर्ज ने बताया कि जिले के पांडिक्कड़ पंचायत में चेम्ब्रसेरी के 14 वर्षीय किशोर की मौत दिल का दौरा पड़ने से हुई। वह शनिवार शाम से ही कोझिकोड मेडिकल कॉलेज अस्पताल (केएमसीएच) में वेंटिलेटर सपोर्ट पर था। उन्होंने संवाददाताओं को बताया कि किशोर को करीब 10.50 बजे दिल का दौरा पड़ा और डॉक्टरों ने करीब 11.30 बजे उसकी मौत की पुष्टि की।

रिवार को आइसोलेशन में रखा
मंत्री ने कहा कि निपाह वायरस को लेकर अभी तक कोई घबराहट की स्थिति नहीं है।फिलहाल, बच्चे के माता-पिता और चाचा समेत तीन लोगों को केएमसीएच के आइसोलेशन वार्ड में भर्ती कराया गया है और लड़के के संपर्क में आए चार अन्य लोगों का मलप्पुरम जिले के मंजेरी मेडिकल कॉलेज अस्पताल में इलाज चल रहा है। उन्होंने बताया कि सात लोगों के नमूने राष्ट्रीय विषाणु विज्ञान संस्थान (एनआईवी) पुणे भेजे गए हैं ।

केंद्र ने दिये निपाह वायरस पर सतर्कता बरतने के निर्देश
इधर केंद्र सरकार ने केरल में निपाह वायरस के मामले सामने आने पर सतर्कता बरतने के निर्देश दिए हैं और एक केंद्रीय दल के तैनाती की है। केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय ने रविवार को यहां बताया कि केरल के मलप्पुरम जिले में निपाह वायरस का एक मामला सामने आया है, जिसमें प्रभावित की बाद में मृत्यु हो गई। केंद्र ने राज्य सरकार को तत्काल सार्वजनिक स्वास्थ्य उपाय करने की सलाह दी है। प्रभावित के परिवार, पड़ोस और क्षेत्र में सक्रिय मामले की खोज की जानी चाहिए।

संपर्क में आए सभी संदिग्धों की जांच के निर्देश
पिछले 12 दिनों के दौरान संपर्क में आने वाले लोगों को सख्ती से पृथक तथा संदिग्धों को अलग रखा जाना चाहिए। सभी के नमूने को प्रयोगशाला परीक्षण के लिए संग्रहण किया जाना चाहिए। केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय ने राज्य में एक बहु विशेषज्ञ दल को मामले की जांच करने, महामारी विज्ञान संबंधों की पहचान करने और तकनीकी सहायता के लिए तैनात किया है।

इस कारण से हो सकते हैं संक्रमित
इसके अतिरिक्त, राज्य के अनुरोध पर, आईसीएमआर ने रोगी प्रबंधन के लिए मोनोक्लोनल एंटीबॉडी भेजी है और संपर्कों से अतिरिक्त नमूनों की जांच के लिए एक मोबाइल बीएसएल-3 प्रयोगशाला कोझिकोड में पहुँच गई है। केरल में निपाह वायरस (एनआईवीडी) के प्रकोप की सूचना पहले भी मिल चुकी है, जिसमें सबसे हालिया प्रकोप 2023 में कोझिकोड जिले में हुआ था। चमगादड़ आमतौर पर इस वायरस के वाहक होते हैं और चमगादड़ से दूषित फल खाने से मनुष्य संक्रमित हो सकते हैं।

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